गंगा रतन विदेशिया का हिंदी अनुवाद प्रकाशित

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डीजी ( पश्चिम बंगाल ) श्री एम के सिंह की भारतीय ज्ञानपीठ से भोजपुरी में प्रकाशित बहुचर्चित ” गंगा रतन विदेशिया ‘ का हिंदी अनुवाद भी आया । इस अवसर पर किताब की प्रति के साथ सर्वश्री एम के सिंह , भारतीय ज्ञानपीठ के नेशनल मार्केटिंग हेड उत्तम बनर्जी व सन्मार्ग के पूर्व संपादक हरि राम पांडेय । श्री सिंह के इस कृतित्व से भोजपुरी व हिंदी के लब्धप्रतिष्ठित लोगो मे हर्ष है ।

पुस्तकः विश्व की प्राचीनतम सभ्यता लेखकः पं. अनूप कुमार वाजपेयी,कई पुरस्कारों से पुरस्कृत समीक्षा प्रकाशन, दिल्ली, मुजफ्फरपुर, मूल्य-2000 रुपये लेखक ने राजमहल पहाड़ियों और चट्टानों पर संसार के प्राचीनतम आदिमानव के पदचिन्ह ढूंढ निकाले। पता-वाजपेयी निलयम, नया पारा, दुमका झारखंड

पुस्तकः विश्व की प्राचीनतम सभ्यता लेखकः पं. अनूप कुमार वाजपेयी,कई पुरस्कारों से पुरस्कृत समीक्षा प्रकाशन, दिल्ली, मुजफ्फरपुर, मूल्य-2000 रुपये लेखक ने राजमहल पहाड़ियों और चट्टानों पर संसार के प्राचीनतम आदिमानव के पदचिन्ह ढूंढ निकाले। पता-वाजपेयी निलयम, नया पारा, दुमका झारखंड

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