चुनावी अभियान को विस्फोटक बनाता सिलिंडर

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पुस्तकः विश्व की प्राचीनतम सभ्यता लेखकः पं. अनूप कुमार वाजपेयी,कई पुरस्कारों से पुरस्कृत समीक्षा प्रकाशन, दिल्ली, मुजफ्फरपुर, मूल्य-2000 रुपये लेखक ने राजमहल पहाड़ियों और चट्टानों पर संसार के प्राचीनतम आदिमानव के पदचिन्ह ढूंढ निकाले। पता-वाजपेयी निलयम, नया पारा, दुमका झारखंड

पुस्तकः विश्व की प्राचीनतम सभ्यता लेखकः पं. अनूप कुमार वाजपेयी,कई पुरस्कारों से पुरस्कृत समीक्षा प्रकाशन, दिल्ली, मुजफ्फरपुर, मूल्य-2000 रुपये लेखक ने राजमहल पहाड़ियों और चट्टानों पर संसार के प्राचीनतम आदिमानव के पदचिन्ह ढूंढ निकाले। पता-वाजपेयी निलयम, नया पारा, दुमका झारखंड

देवेंद्र गौतम

झारखंड विधानसभा चुनाव में गैस सिलिंडर की भूमिका अहम हो गई है। यह कहीं विस्फोट करेगा तो कहीं स्वादिष्ट व्यंजन पकाने के काम आएगा। खासतौर पर सीएम रघुवर दास के चुनाव क्षेत्र पूर्वी जमशेदपुर में। उनके मुकाबले एक तरफ झारखंड के दिग्गज नेता और भाजपा के बागी उम्मीदवार सरयू राय खड़े हैं तो दूसरी तरफ कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. गोविंद वल्लभ। ये दोनों नेता स्वयं ही किसी डायनामाइट के समान हैं। सरयू राय दो-दो मुख्यमंत्रियों को जेल भिजवाने का गौरव प्राप्त कर चुके हैं। उनके पिटारे में कितने दस्तावेज़ी आरडीएक्स पड़े हुए हैं शायद उन्हें खुद भी याद नहीं होगा। उनके तरकश के तीर निकलने शुरू होंगे तो कहां जाकर खत्म होंगे कोई नहीं जानता। चुनाव आयोग ने भी पता नहीं क्या सोचकर उन्हें गैस सिलिंडर चुनाव चिन्ह दे डाला है। गैस सिलिंडर का विस्फोट बड़ा खतरनाक होता है।

मजेदार बात यह है कि सीएम रघुवर दास भी गृहणियों के बीच लाखों की संख्या में निःशुल्क सिलिंडर और गैस चूल्हा वितरण को अपने कार्यकाल की बड़ी उपलब्धि मानते हैं। जब वे अपनी उपलब्धियां गिनाना शुरू करेंगे तो इसका जिक्र अवश्य करेंगे। भाजपा के चुनाव अभियान की शुरुआत करते हुए मनिका और लातेहार की जनसभाओं में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और सीएम रघुवर दास ने भी इसका जिक्र किया ही। उधर कांग्रेसी उम्मीदवार डॉ. गोविंद वल्लभ खुद ही एक ऐसे सिलिंडर के समान हैं जिसमें गैस नहीं आरडीएक्स भरा हुआ है। वे भाजपा के केंद्रीय प्रवक्ता संविद पात्रा तक को अपने सिलिंडर के लज़ीज व्यंजन से लज्जित कर चुके हैं। अब वे रोज रघुवर सरकार के समक्ष एक ऐसा धमाकेदार सवाल रख रहे हैं जिसका जवाब देना आसान नहीं है।

ऐसे में जब तीन-तीन सिलिंडर एक चूल्हे में जला शुरू करेंगे तो पूर्वी सिंहभूम के मतदाता दुविधा में पड़ जाएंगे कि वे किस व्यंजन का स्वाद लें। जब सीएम रघुवर दास सिलिंडर की याद दिलाएंगे और सरयू राय सिलिंडर छाप पर मुहर लगाने की अपील करेंगे और डॉ वल्लभ अर्थशास्त्र की बारीकियों के धमाके करेंगे तो मतदाता भ्रम में पड़ेंगे कि सरयू राय के सिलिंडर को दियासलाई दिखाएं, सरयू राय के सिलिंडर पर भरोसा करें या डॉ वल्लभ के धमाकों पर। हालांकि वे दियासलाई दिखाने की जगह से नोटा के हवाले कर चुपचाप खिसक भी जा सकते हैं। जो भी हो लेकिन पूर्वी जमशेदपुर की जंग मज़ेदार होगी।

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